आ यो विश्वा॑नि॒ वार्या॒ वसू॑नि॒ हस्त॑योर्द॒धे । मदे॑षु सर्व॒धा अ॑सि ॥
English Transliteration
Mantra Audio
ā yo viśvāni vāryā vasūni hastayor dadhe | madeṣu sarvadhā asi ||
Pad Path
आ । यः । विश्वा॑नि । वार्या॑ । वसू॑नि । हस्त॑योः । द॒धे । मदे॑षु । स॒र्व॒ऽधाः । अ॒सि॒ ॥ ९.१८.४
Rigveda » Mandal:9» Sukta:18» Mantra:4
| Ashtak:6» Adhyay:8» Varga:8» Mantra:4
| Mandal:9» Anuvak:1» Mantra:4
Reads 365 times
ARYAMUNI
Word-Meaning: - (यः) जो परमात्मा (विश्वानि) सब (वार्या) ‘वरितुं योग्यानि वार्याणि’ प्रार्थनीय (वसूनि) धन रत्नादिकों को (हस्तयोः आदधे) विज्ञानी लोगों के हस्तगत कर देता है, वही (मदेषु) सब हर्षयुक्त वस्तुओं में (सर्वधाः) सब प्रकार की शोभा को धारण करानेवाला (असि) है ॥४॥
Connotation: - जो सम्पूर्ण वस्तुओं को अपने हस्तगत करना चाहते हो, तो ईश्वर के उपासक बनो ॥४॥
Reads 365 times
HARISHARAN SIDDHANTALANKAR
'वसुप्रापक' सोम
Word-Meaning: - [१] हे सोम ! तू वह है (यः) = जो (विश्वानि) = सब वार्यावरणीय, चाहने योग्य (वसूनि) = वसुओं को निवास के लिये आवश्यक तत्त्वों को (हस्तयोः) = हाथों में (आ दधे) = धारण करता है। इस सोम के धारण से हमें सब वसुओं की प्राप्ति होती है । [२] हे सोम ! तू (मदेषु) = उल्लासों के होने पर (सर्वधाः असि) = सबका धारण करनेवाला है। 'शरीर, मन, मस्तिष्क' सभी को तू उत्तम बनाता है ।
Connotation: - भावार्थ- सुरक्षित सोम सब वसुओं को प्राप्त करानेवाला है।
Reads 365 times
ARYAMUNI
Word-Meaning: - (यः) यः परमात्मा (विश्वानि) सर्वाणि (वार्या) प्रार्थनीयानि (वसूनि) धनरत्नादीनि (हस्तयोः आदधे) विज्ञानिनां हस्तगतानि करोति स एव (मदेषु) सर्वहर्षयुक्तवस्तुषु (सर्वधाः) सर्वविधशोभानां धारकः (असि) अस्ति ॥४॥
Reads 365 times
DR. TULSI RAM
Word-Meaning: - You who hold in hands the entire wealth of the world, we cherish, you who are the sole sustainer and dispenser for all in bliss divine.
