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अ॒भ्य॑र्ष म॒हानां॑ दे॒वानां॑ वी॒तिमन्ध॑सा । अ॒भि वाज॑मु॒त श्रव॑: ॥
English Transliteration
Mantra Audio
abhy arṣa mahānāṁ devānāṁ vītim andhasā | abhi vājam uta śravaḥ ||
Pad Path
अ॒भि । अ॒र्ष॒ । म॒हाना॑म् । दे॒वाना॑म् । वी॒तिम् । अन्ध॑सा । अ॒भि । वाज॑म् । उ॒त । श्रवः॑ ॥ ९.१.४
Rigveda » Mandal:9» Sukta:1» Mantra:4
| Ashtak:6» Adhyay:7» Varga:16» Mantra:4
| Mandal:9» Anuvak:1» Mantra:4
ARYAMUNI
Word-Meaning: - हे परमात्मन् ! आप (महानाम्) बड़े (देवानाम्) विद्वानों के (वीतिम्) पदवी को प्राप्त करानेवाले हैं और (अन्धसा) धनादि ऐश्वर्य से (अभिवाजम्) सब प्रकार के बल को (अभ्यर्ष) प्राप्त करायें (उत) और (श्रवः) अन्नादि ऐश्वर्य को प्राप्त करायें ॥४॥
Connotation: - परमात्मा की कृपा से मनुष्य देव-पदवी को प्राप्त होता है और परमात्मा की कृपा से सब प्रकार का बल मिलता है, इसलिये मनुष्य को चाहिये कि वह एकमात्र परमात्मा की शरण को प्राप्त हो ॥४॥
HARISHARAN SIDDHANTALANKAR
सोम से 'वीति-वाज व श्रव' की प्राप्ति
Word-Meaning: - [१] 'अन्धसस्पत इति सोमस्य पते इत्येतत्' [श० ९ । १ । २।४] इस वाक्य के अनुसार 'अन्धस्' सोम है। यह आध्यायनीय- अत्यन्त ध्यान देने योग्य होता है। इसके रक्षण से हमारी वृत्तियाँ सुन्दर बनती हैं। (अन्धसा) = इस सोम के रक्षण से तू (महानाम्) = महान् (देवानाम्) = दिव्य वृत्तिवाले पुरुषों के (वीतिम्) = [Light, cleaning ] ज्ञान व पवित्रता को (अभि अर्ष) = अभिमुख्येन प्राप्त हो । ज्ञान और पवित्रता को प्राप्त करके तू भी देव बन । [२] तू इस सोम के रक्षण से (वाजं अभि) = शक्ति की ओर जानेवाला हो, शक्ति का तू अपने अन्दर रक्षण कर । (उत) = और (श्रव:), = [Fame, glory ] यश की ओर तू जानेवाला बन, तेरा जीवन बड़ा यशस्वी हो ।
Connotation: - भावार्थ- सोम के रक्षण से ज्ञान व पवित्रता को प्राप्त करके हम देव बनते हैं। सोम का रक्षण हमें शक्ति का यश प्राप्त कराता है।
ARYAMUNI
Word-Meaning: - हे परमात्मन् ! त्वम् (महानाम्) महताम् (देवानाम्) विदुषाम् (वीतिम्) पदवीं प्रापयितासि (अन्धसा) धनाद्यैश्वर्य्येण (अभिवाजम्) सर्वविधं बलम् (अभ्यर्ष) देहि (उत) अथ च (श्रवः) अन्नादिकं प्रापय ॥४॥
DR. TULSI RAM
Word-Meaning: - Let your bounty flow free to the yajnic hall of the great and generous divine yajnic givers with gifts of holy food and prosperity, and bring us honour, progress and fame.
