Go To Mantra

यस्यामि॑तानि वी॒र्या॒३॒॑ न राध॒: पर्ये॑तवे । ज्योति॒र्न विश्व॑म॒भ्यस्ति॒ दक्षि॑णा ॥

English Transliteration

yasyāmitāni vīryā na rādhaḥ paryetave | jyotir na viśvam abhy asti dakṣiṇā ||

Pad Path

यस्य॑ । अमि॑तानि । वी॒र्या॑ । न । राधः॑ । परि॑ऽएतवे । ज्योतिः॑ । न । विश्व॑म् । अ॒भि । अस्ति॑ । दक्षि॑णा ॥ ८.२४.२१

Rigveda » Mandal:8» Sukta:24» Mantra:21 | Ashtak:6» Adhyay:2» Varga:19» Mantra:1 | Mandal:8» Anuvak:4» Mantra:21


Reads 361 times

SHIV SHANKAR SHARMA

उसका महत्त्व दिखलाते हैं।

Word-Meaning: - हे मनुष्यों ! (यस्य+वीर्य्याः) जिसके वीर्य्य अर्थात् कर्म (अमितानि) अपरिमित अनन्त और अहिंस्य हैं, (यस्यः+राधः) जिसकी सम्पत्ति (पर्य्येतवे+न) परिमित नहीं, (दक्षिणा) जिसका ज्ञान (विश्वम्+अभ्यस्ति) सर्वत्र फैला हुआ है, (ज्योतिः+न) जैसे सूर्य्य की ज्योति सर्वत्र फैली हुई है ॥२१॥
Connotation: - जिसके बल, वीर्य्य और दान अनन्त हैं, वही मनुष्य-जाति के उपास्य इष्टदेव हैं ॥२१॥
Reads 361 times

HARISHARAN SIDDHANTALANKAR

अनन्त 'वीर्य - ऐश्वर्य-ज्ञान व दान' वाले प्रभु

Word-Meaning: - [१] (यस्य) = जिस प्रभु के (वीर्या) = वृत्रवध आदि पराक्रम के कार्य (अमितानि) = अगणित हैं, अपरिमित हैं, अनन्त शक्तिवाले वे प्रभु हैं। उस प्रभु का (राधः) = ऐश्वर्य (पर्येतवे न) = चारों ओर से घेरे जाने योग्य नहीं है। अनन्त है उस प्रभु का ऐश्वर्य। [२] (ज्योतिः न) = प्रकाश की तरह (दक्षिणा) = उस प्रभु का दान भी (विश्वम्) = सम्पूर्ण संसार को (अभ्यस्ति) = अभिभूत करनेवाला है। उस प्रभु की ज्योति व उस प्रभु का दान निरतिशय है, सर्वातिशायी है, सब से अधिक है।
Connotation: - भावार्थ- प्रभु का पराक्रम व ऐश्वर्य अनन्त है। वे प्रभु अपनी ज्योति व अपने दान से सभी को अभिभूत करनेवाले हैं।
Reads 361 times

SHIV SHANKAR SHARMA

तस्य महत्त्वं दर्शयति।

Word-Meaning: - हे मनुष्याः ! यस्य। वीर्य्या=वीर्य्याणि। अमितानि=अपरिमितानि निरवधीनि अहिंस्यानि च सन्ति। यस्य। राधः=धनम्। पर्य्येतवे=पर्य्येतुम्=परिच्छेत्तुम्। न शक्यते। यस्य। दक्षिणा=दानम्। विश्वम्=सर्वम्। अभ्यस्ति=व्याप्नोति। अत्र दृष्टान्तः। ज्योतिर्न=ज्योतिः सूर्य्यादिः। तद्वत् ॥२१॥
Reads 361 times

DR. TULSI RAM

Word-Meaning: - Let us sing in adoration of Indra whose wondrous deeds of divinity are unbounded, whose potential is unrestricted, and whose generosity radiates over the world like the light of the sun.