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सु॒दे॒वः स॑महासति सु॒वीरो॑ नरो मरुतः॒ स मर्त्यः॑। यं त्राय॑ध्वे॒ स्याम॒ ते ॥१५॥

English Transliteration

sudevaḥ samahāsati suvīro naro marutaḥ sa martyaḥ | yaṁ trāyadhve syāma te ||

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Pad Path

सु॒ऽदे॒वः। स॒म॒॒ह॒। अ॒स॒ति॒। सु॒ऽवी॑रः। न॒रः॒। म॒रु॒तः॒। सः। मर्त्यः॑। यम्। त्राय॑ध्वे। स्याम॑। ते ॥१५॥

Rigveda » Mandal:5» Sukta:53» Mantra:15 | Ashtak:4» Adhyay:3» Varga:13» Mantra:5 | Mandal:5» Anuvak:4» Mantra:15


SWAMI DAYANAND SARSWATI

फिर मनुष्यों को क्या करना चाहिये, इस विषय को कहते हैं ॥

Word-Meaning: - हे (समह) सत्कार से सहित ! (सः) वह (सुदेवः) सुन्दर विद्वान् (सुवीरः) सुन्दर वीर (मर्त्यः) मनुष्य (असति) है (यम्) जिसको हे (मरुतः) मनुष्यो (नरः) अग्रणीजनो ! (ते) वे आप लोग (त्रायध्वे) रक्षा करो, हम लोग उसके साथ (स्याम) होवें ॥१५॥
Connotation: - मनुष्यों को चाहिये कि अति उन्नत होकर निर्बल प्राणियों की सदा ही रक्षा करें ॥१५॥

HARISHARAN SIDDHANTALANKAR

स्वरः सुदेवः सुवीरः

Word-Meaning: - [१] हे (मरुतः) = प्राणो ! (यं त्रायध्वे) = आप जिसका रक्षण करते हैं, (ते स्याम) = हम वे बनें । अर्थात् हम सदा प्राणसाधना करते हुए इन प्राणों के द्वारा रक्षणीय हों। [२] हे (नरः) = हमें उन्नतिपथ पर ले चलनेवाले मनुष्यो ! स (मर्त्यः) = आप से रक्षणीय मनुष्य (सुदेवः) = उत्तम देववृत्तिवाला, समह तेजस्विता से सम्पन्न ['समह' में विभक्ति का लुक् है] व (सुवीरः) = उत्तम वीर (असति) = होता है।
Connotation: - भावार्थ- प्राणसाधना करनेवाला प्राणों से रक्षित पुरुष 'उत्तम देव' व तेजस्विता सम्पन्न 'सुवीर' बनता है। प्राण शरीर को नीरोग बनाकर साधक को 'वीर' बनाते हैं। मन को नीरोग बनाकर उसे 'सुदेव' बनाते हैं ।

SWAMI DAYANAND SARSWATI

पुनर्मनुष्यैः किं कर्त्तव्यमित्याह ॥

Anvay:

हे समह ! स सुदेवः सुवीरो मर्त्योऽसति यं हे मरुतो नरस्ते यूयं त्रायध्वे वयं तेन सहिताः स्याम ॥१५॥

Word-Meaning: - (सुदेवः) शोभनश्चासौ विद्वान् (समह) सत्कारसहित (असति) भवति (सुवीरः) शोभनश्चासौ वीरः (नरः) नायकाः (मरुतः) मनुष्याः (सः) (मर्त्यः) (यम्) (त्रायध्वे) रक्षत (स्याम) (ते) ॥१५॥
Connotation: - मनुष्यैरत्युन्नतैर्भूत्वा निर्बलाः प्राणिनः सदैव रक्षणीयाः ॥१५॥

DR. TULSI RAM

Word-Meaning: - O Maruts, leading lights of life, great and glorious, brilliant is that man, brave and fearless, whom you protect and promote across the seas. Let us too be the same, your own, all for you.

ACHARYA DHARMA DEVA VIDYA MARTANDA

What should men do is told further?

Anvay:

O respectable leading men! the man whom you protect becomes a good enlightened person and a good hero. Let us be also like him keeping his company.

Word-Meaning: - N/A
Connotation: - Men should protect all weak beings having become very much elevated or advanced.

MATA SAVITA JOSHI

N/A

Word-Meaning: - N/A
Connotation: - माणसांनी अत्यंत उन्नत होऊन निर्बल प्राण्यांचे सदैव रक्षण करावे. ॥ १५ ॥