Reads 48 times
PANDIT KSHEMKARANDAS TRIVEDI
सृष्टि की धारणविद्या का उपदेश।
Word-Meaning: - (रक्षांसि) राक्षस [दुष्ट जीव] (लोहितम्) रुधिर रोग, (इतरजनाः) पामर लोग (ऊबध्यम्) कुपचे अन्न [के समान हैं] ॥१७॥
Connotation: - मन्त्र १४ के समान है ॥१७॥
Footnote: १७−(रक्षांसि) दुष्टजीवाः (लोहितम्) अ० ६।१२७।१। रुधिरविकारः (इतरजनाः) अ० ८।१०(५)।९। पामराः (ऊबध्यम्) अ० ९।४।१६। अजीर्णमन्नम् ॥
